UP: शंकराचार्य ने कहा- गोरक्षा और सनातन संस्कृति बचाने को जनता आए आगे, स्लॉटर हाउसों पर जताई चिंता
Azamgarh News: स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने आजमगढ़ में गो रक्षा धर्म युद्ध यात्रा के दौरान सरकार पर गोहत्या रोकने और धर्म-संस्कृति संरक्षण के नाम पर दिखावा करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि संत समाज सुरक्षित महसूस नहीं कर रहा। शंकराचार्य ने सनातन समाज से गो रक्षा, गोशाला निर्माण और धार्मिक परंपराओं की रक्षा के लिए आगे आने का आह्वान किया।
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UP Politics: जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने कहा कि वर्तमान सरकार गो हत्या रोकने और धर्म-संस्कृति की रक्षा के नाम पर केवल दिखावा कर रही है। सरकार स्वयं को संतों की हितैषी बताती है, लेकिन आज संत समाज अपने को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहा है।
शंकराचार्य गो रक्षा धर्म युद्ध यात्रा लेकर गोरखपुर से सोमवार को आजमगढ़ के रास्ते फूलपुर स्थित शंकर जी तिराहा पहुंचे थे। यहां उनका स्वागत किया गया। इस दौरान उन्होंने सनातन समाज से गो रक्षा के लिए आगे आने का आह्वान किया। इस दौरान गो-सेवा, गोशाला निर्माण एवं संरक्षण कार्यों को मजबूत करने के उद्देश्य से विधानसभा फूलपुर के योगेश विश्वकर्मा को प्रतिनिधि नियुक्त किया गया।
सरकार पर तंज
नगर में सिकंदर यादव, सतपाल यादव, राम नेवारे, बाबूराम, मतीन आज़मी, सुभाष यादव सहित सैकड़ों लोगों ने माल्यार्पण कर उनका स्वागत किया। इस अवसर पर शंकराचार्य ने कहा कि उनकी यात्रा किसी राजनीतिक दल के समर्थन के लिए नहीं, बल्कि गोरक्षा और धर्म-संस्कृति के संरक्षण के लिए जनजागरण के उद्देश्य से निकाली जा रही है। उन्होंने कहा कि जो भी गो रक्षा और सनातन संस्कृति की रक्षा के लिए कार्य करेगा, वह उसके साथ खड़े रहेंगे।
शंकराचार्य ने स्लॉटर हाउसों पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रदेश में गो हत्या रोकने और धार्मिक परंपराओं की रक्षा के लिए जनता से खुलकर आगे आने की अपील की। उन्होंने सनातन धर्म, शास्त्र आधारित जीवन, विवेक और मर्यादा के महत्व पर भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में धर्म के नाम पर भ्रम और दिखावे की स्थिति बनी हुई है। ऐसे में लोगों को वास्तविक धर्म और केवल बाहरी स्वरूप के बीच अंतर समझने की आवश्यकता है।