मंडलीय अस्पताल: तीन साल में दो बार बदली डिजाइन फिर भी नहीं बन पा रहा सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल
Varanasi News: मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा परिसर में बनने वाले सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल की डिजाइन तीन साल में दो बार बदल गई, लेकिन बिल्डिंग बन नहीं पाई।
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मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा परिसर में आठ मंजिला सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल के निर्माण से पहले ही तीन साल में दो बार डिजाइन बदल चुकी है। तीन महीने पहले भूमि पूजन भी हुआ लेकिन निर्माण कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका। काम कब तक शुरू होगा, अभी तय नहीं हो पाया है। ऐसे में मरीजों को अभी इलाज और जांच की सुविधा के लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है।
मंडलीय अस्पताल में वर्तमान समय में न्यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, कार्डियोलॉजी सहित कई विभाग नहीं है। ऐसे में यहां आने वाले मरीजों को बीएचयू अस्पताल रेफर करना पड़ता है। इसे देखते हुए इसी कैंपस में 500 बेड का सुपरस्पेशियलटी हॉस्पिटल बनाया जाना है। इसके लिए 2023 में ही प्रस्ताव शासन को भेजा गया था। उस समय भी डिजाइन बनाकर प्रस्ताव दिया था।
215 करोड़ रुपये स्वीकृत भी हो गए थे लेकिन काम शुरू नहीं हो सका। इसी साल 28 अप्रैल को पीएम नरेंद्र मोदी ने इसका शिलान्यास किया। इसके बाद नए सिरे से डिजाइन पास हुआ फिर 10 मई को विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी ने फिर से विधि विधान से भूमि पूजन कराया।
भूमि पूजन कराए हुए भी तीन महीने बीत चुके हैं लेकिन निर्माण कार्य फिर भी शुरू नहीं हो पाया। पिछले महीने 18 जुलाई को वाराणसी दौरे पर आए डिप्टी सीएम और यूपी के स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने भी जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की बात की थी। अपर निदेशक स्वास्थ्य को निगरानी करने के निर्देश दिए थे। अब मंत्री के दौरे को भी 20 दिन हो गए लेकिन काम शुरू नहीं हुआ।
आईसीयू, न्यूरोलॉजी सहित कई विभाग बनेंगे
वर्ष 1870-75 के दौरान स्थापित शिव प्रसाद गुप्त चिकित्सालय में पुराने ढांचे को हटाकर यहां नया आठ मंजिला सुपर स्पेशियलिटी भवन तैयार किया जाएगा। इसमें आईसीयू, कैंसर, न्यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, कार्डियोलॉजी और हार्ट यूनिट जैसी आधुनिक सुविधाएं होंगी। खास बात यह है कि इसके बनने के बाद यहां दिल, दिमाग और किडनी जैसी गंभीर बीमारियों से परेशान मरीजों का इलाज एक रुपये में होगा। आईसीयू और आधुनिक लैब भी होगी। इसके बन जाने के बाद निश्चित तौर पर जिन मरीजों को बीएचयू रेफर करना पड़ता है, उससे राहत मिल जाएगी।
एमसीएच विंग के शिफ्टि होने में भी हो सकती है देरी
मंडलीय अस्पताल परिसर में जिस जगह पर सुपरस्पेशियलटी हॉस्पिटल बनना है, उसकी जद में अस्पताल के भवनों में जो-जो विभाग या वार्ड आएंगे, उनको और वहां भर्ती मरीजों को महिला अस्पताल परिसर में बने एमसीएच विंग में शिफ्ट कराया जाना है। पिछले दिनों अस्पताल में दौरे पर आए उपमुख्यमंत्री/स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने जल्द शिफ्टिंग कराकर काम शुरू करवाने को कहा था। अब एमसीएच विंग में जिस जगह पर शिफ्टिंग होनी है, वहां अभी मेडिकल प्रोटोकॉल के तहत बहुत से काम बाकी हैं। इस बारे में मंडलीय अस्पताल के एसआईसी डॉ. ब्रजेश कुमार का कहना है कि नियमानुसार एमसीएच विंग में शिफ्टिंग संबंधी जो काम होने हैं, उसकी जानकारी संबंधित जिम्मेदार लोगों को दी जा चुकी है। इसमें मानक का पालन करने को कहा गया है। इसके बाद ही कार्रवाई आगे हो पाएगी।