Hindi News
›
Video
›
Chhattisgarh
›
VIDEO : नक्सलगढ़ में पहली बार बजी स्कूल की घंटी, अब बंदूक की जगह हाथों में होंगी किताबें
{"_id":"667d2bbd7c27dbc06c084ce7","slug":"video-nakasalgaugdhha-ma-pahal-bra-bja-sakal-ka-ghata-ab-bthaka-ka-jagaha-hatha-ma-haga-katab","type":"video","status":"publish","title_hn":"VIDEO : नक्सलगढ़ में पहली बार बजी स्कूल की घंटी, अब बंदूक की जगह हाथों में होंगी किताबें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
VIDEO : नक्सलगढ़ में पहली बार बजी स्कूल की घंटी, अब बंदूक की जगह हाथों में होंगी किताबें
नक्सलवाद और नक्सली घटनाओं के लिए ही चर्चे में रहने वाला सुकमा जिला शिक्षा के शिक्षा क्षेत्र में नए बदलाव कर रहा है। जहां लाल सलाम के नारे ही गूंजा करते थे वहां अब स्कूल की घंटी और बच्चों की एबीसीडी सुनने को मिल रही है। यह सुखद तस्वीर सुकमा जिले के दुलेड़ एलमागुंडा की है, जहां आजादी के 77 साल के बाद स्कूल खुला है। हालांकि स्कूल झोपड़ी में है, क्योंकि इन इलाकों में व्यवस्थाओं को अब तक दुरुस्त नहीं किया जा सका है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।