सीहोर जिले में चोरी-छिपे एलपीजी गैस रिफिलिंग का खतरनाक कारोबार धड़ल्ले से चल रहा है। शनिवार रात करीब 8 बजे इछावर नगर के वार्ड क्रमांक 2 में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक चारपहिया वाहन में गैस रिफिलिंग के दौरान अचानक आग भड़क उठी। वहां मौजूद लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी। मौके पर पहुंची टीम ने आग पर काबू पा लिया, वरना पूरा वाहन और आसपास का क्षेत्र भीषण हादसे का शिकार हो सकता था। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
जिले में अनेक स्थानों पर चोरी-छिपे घरेलू सिलेंडरों से गैस निकालकर न सिर्फ कमर्शियल सिलेंडरों में भरी जा रही है, बल्कि चारपहिया और अन्य वाहनों में भी सीधे एलपीजी भरने का काम किया जा रहा है। यह न सिर्फ कानून का उल्लंघन है, बल्कि लोगों की जान को भी गंभीर खतरे में डाल रहा है। इछावर में हुई घटना के संबंध में थाना प्रभारी पंकज वाडेकर ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। फायर ब्रिगेड की तत्परता से आग पर काबू पा लिया गया। मामले में जांच की जा रही है और जिम्मेदार लोगों की पहचान कर कार्रवाई की तैयारी है। बावजूद इसके, आमजन का कहना है कि जब तक प्रशासन कड़े कदम नहीं उठाएगा, तब तक यह अवैध कारोबार थमने वाला नहीं है।
वाहनों और घरों की सुरक्षा पर संकट
अवैध रूप से चल रही रिफिलिंग गतिविधियां लोगों की जान के लिए बड़ा खतरा बन चुकी हैं। वाहनों में गैस भरने की घटनाएं आम हो रही हैं, जबकि सुरक्षा मानकों के बिना ऐसा करना सीधे-सीधे विस्फोट का कारण बन सकता है। विशेषज्ञ मानते हैं कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगी तो किसी दिन यह शहर के लिए बड़ी त्रासदी का रूप ले सकता है।
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छापामार कार्रवाई भी बेअसर
प्रशासन समय-समय पर कार्रवाई करता है, लेकिन गैस माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। लगभग तीन महीने पहले इंदौर–भोपाल हाईवे पर नायरा पेट्रोल पंप के पीछे एक टिन शेड से अवैध गैस रिफिलिंग का भंडाफोड़ किया गया था। यहां से कुल 51 सिलेंडर जब्त किए गए थे। उस कार्रवाई में अधिकारियों ने 6 भरे हुए एचपी के कमर्शियल सिलेंडर, 6 खाली कमर्शियल भारत गैस सिलेंडर, 1 घरेलू इंडियन सिलेंडर और 39 खाली एचपी के कमर्शियल सिलेंडर बरामद किए थे। इसके अलावा इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा, गैस ट्रांसफर पाइप, नोजल, फिल्टर और पाइप सेट जैसी सामग्री भी जब्त की गई थी। इसके बावजूद शहर में आज भी अवैध रिफिलिंग का धंधा धड़ल्ले से चल रहा है।
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जनता में गुस्सा, कार्रवाई की मांग
शहरवासियों का कहना है कि यह धंधा गैस माफियाओं और प्रशासनिक मिलीभगत के बिना संभव ही नहीं है। लोग खुलकर कह रहे हैं कि यदि सख्ती नहीं की गई तो किसी भी दिन सीहोर बड़ा हादसा झेल सकता है। आम जनता मांग कर रही है कि दोषियों को पकड़कर कठोरतम सजा दी जाए और जिले को इस खतरनाक कारोबार से मुक्त किया जाए।