टीकमगढ़ जिले के सतगुवा गांव में एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना सामने आई है, जहां सर्पदंश के बाद झाड़-फूंक के चक्कर में एक महिला की जान चली गई। परिजनों ने महिला को अस्पताल ले जाने के बजाय टीकमगढ़ जिले के बगाज माता मंदिर ले जाने का निर्णय लिया, जहां झाड़-फूंक करते हुए समय बर्बाद किया गया। जब महिला की हालत गंभीर हो गई, तो गुरुवार सुबह उसे टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सतगुवा गांव की रहने वाली कमला कुशवाहा को मंगलवार रात लगभग तीन बजे सोते समय सर्प ने काट लिया। इसके बाद परिजन उसे अस्पताल ले जाने के बजाय बगाज माता मंदिर ले गए, जहां उनकी मान्यता के अनुसार मंदिर की परिक्रमा करने से सर्प का जहर उतर जाता है। हालांकि, महिला की हालत बिगड़ती रही और झाड़-फूंक के प्रयास विफल साबित हुए। जब स्थिति अत्यधिक गंभीर हो गई, तो परिजन गुरुवार सुबह लगभग दस बजे उसे टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय लेकर पहुंचे। वहां ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर सिद्धार्थ रावत ने महिला को मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम की कार्रवाई
टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय में स्थित पुलिस चौकी के प्रभारी ने जानकारी दी कि अस्पताल प्रबंधन और परिजनों की सूचना पर पंचनामा की कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। गुरुवार को पोस्टमार्टम किया गया, जिसके बाद शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। इस मामले में पुलिस चौकी ने मर्ग कायम कर लिया है और आगे की जांच जारी है।