टीकमगढ़ के जतारा स्थित बिजली विभाग कार्यालय में मंगलवार को ट्रांसफार्मर बदलने की मांग को लेकर ग्रामीणों और कर्मचारियों के बीच जमकर विवाद हो गया। मामला इतना बढ़ा कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट और अभद्रता के आरोप लगा दिए। घटना के बाद कार्यालय परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और पुलिस को मौके पर पहुंचकर स्थिति संभालनी पड़ी।
जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत रतनगुवां भाटा का ट्रांसफार्मर पिछले डेढ़ महीने से खराब पड़ा है, जिससे ग्रामीण बिजली संकट का सामना कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार शिकायत करने और आश्वासन मिलने के बावजूद ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया। इसी समस्या को लेकर मंगलवार को गांव की महिलाएं और पुरुष जतारा बिजली कार्यालय पहुंचे थे।
रतनगुवां निवासी सुनील अहिरवार ने बताया कि एक सप्ताह पहले भी ग्रामीण विभागीय कार्यालय पहुंचे थे, जहां अधिकारियों ने जल्द ट्रांसफार्मर बदलने का भरोसा दिया था। लेकिन निर्धारित समय गुजरने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ। इससे नाराज ग्रामीण दोबारा शिकायत करने पहुंचे थे।
ग्रामीण महिलाओं कमला और सुखवती का आरोप है कि कार्यालय में समस्या बताने के दौरान कर्मचारियों ने गेट बंद कर दिया और उनके साथ मारपीट की। महिलाओं का कहना है कि धक्का-मुक्की की गई और कुर्सी फेंककर मारी गई। उन्होंने कर्मचारियों पर अभद्र व्यवहार का भी आरोप लगाया है।
वहीं बिजली विभाग के बाबू चंद्रशेखर नरवरिया ने बताया कि कर्मचारियों ने ग्रामीणों से वरिष्ठ अधिकारियों के आने तक इंतजार करने की बात कही थी। उनका आरोप है कि इसी दौरान कुछ ग्रामीण उग्र हो गए और कार्यालय में घुसकर कर्मचारियों के साथ हाथापाई करने लगे।
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उन्होंने कहा कि हंगामे के दौरान कार्यालय का फर्नीचर और कंप्यूटर क्षतिग्रस्त कर दिया गया तथा बाहर से पत्थर भी फेंके गए। घटना की सूचना मिलने पर जतारा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों पक्षों की बात सुनी और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि वीडियो फुटेज और शिकायतों के आधार पर जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है।