टोंक जिले के राजकीय कन्या महाविद्यालय पीपलू के प्राचार्य सौलत अली खान के खिलाफ छात्राओं, अभिभावकों और ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए मंगलवार को विधायक रामसहाय वर्मा तथा उपखंड अधिकारी पीपलू को ज्ञापन सौंपा। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष पूजा गुर्जर के नेतृत्व में दिए गए इस ज्ञापन में प्राचार्य के तत्काल स्थानांतरण की मांग की गई है ताकि कॉलेज का शैक्षणिक माहौल सुधर सके।
छात्राओं ने आरोप लगाया कि प्राचार्य बिना उच्च अधिकारियों की अनुमति के मुख्यालय से गैरहाजिर रहते हैं और कई दिनों तक कॉलेज से अनुपस्थित रहने के बावजूद बाद में रजिस्टर में हस्ताक्षर कर देते हैं। कई बार तो रजिस्टर को कर्मचारियों के माध्यम से टोंक स्थित निवास पर मंगवाकर उसमें हस्ताक्षर करते हैं, जो नियमानुसार अनुचित है।
ज्ञापन में यह भी आरोप लगाए गए हैं कि प्राचार्य महाविद्यालय परिसर में टिफिन में नॉनवेज भोजन लाते हैं, जबकि कॉलेज महज दो कमरों में संचालित हो रहा है, जिससे अन्य स्टाफ और छात्राओं को असुविधा होती है।
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इसके अलावा, कार्यालय में नमाज पढ़ने, मोबाइल पर तेज आवाज में साम्प्रदायिक प्रकृति के वीडियो चलाने, पीपलू मुख्यालय पर निवास नहीं करने के बावजूद फर्जी पते के आधार पर एचआरए लेने, कंप्यूटर ऑपरेटर का भुगतान न करने, कॉलेज के शौचालय को ताला लगवाने, स्टाफ को धमकाने तथा अभिभावकों से अभद्र व्यवहार करने जैसे आरोप भी लगाए गए हैं।
छात्राओं ने यह भी आरोप लगाया कि प्राचार्य द्वारा राजकीय कोष का दुरुपयोग किया जा रहा है और शिक्षण कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। विधायक रामसहाय वर्मा ने छात्राओं की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच कराकर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ज्ञापन देने वालों में संगीता कुमावत, अमर, रामकल्याण, राजेन्द्र सहित अनेक छात्राएं, अभिभावक और ग्रामीण शामिल थे।