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VIDEO : Gonda:लोकवाणी से ऑनलाइन कराओ.. तब आधार केंद्र आओ, चक्कर काट रहे अभिभाव व छात्र
गोंडा जिले के आधार सेवा केंद्रों पर नया आधार बनवाने से लेकर संशोधन तक में मारामारी है। एक तरफ आधार केंद्रों पर आधार नहीं बन पा रहा है तो दूसरी ओर अपार आईडी बनाने में मुश्किलें हो रही है। जिले में कक्षा एक से 12 तक कुल 4.45 लाख बच्चों की अपार आईडी नहीं बन पाई है। ऐसे में बच्चों को लेकर दूर-दराज से अभिभावक व छात्र चक्कर काट रहे हैं।
देहात कोतवाली इलाके के महादेवा गांव के रहने वाले राजेश जायसवाल ने बताया कि उनका बेटा उत्कर्ष (08) एक निजी विद्यालय में पढ़ाई करता है। बच्चे के पास आधार कार्ड नहीं है। ऐसे में मंगलवार को सुबह करीब अंबेडकर चौराहे के पास स्थित आधार सेवा केंद्र पहुंचे तो कार्ड ने कहा कि पहले लोकवाणी केंद्र से ऑनलाइन कराओ फिर आधार सेवा केंद्र आओ.. तब आधार बन सकेगा।
गौरतलब है कि जिले के कक्षा एक से 12 तक कुल 4802 विद्यालयों के विद्यार्थियों की अपार आईडी बनाई जानी है। कुल 7.69 लाख बच्चों में अभी तक 3.24 लाख बच्चों की ही अपार आईडी बन पाई है। जबकि 4.45 लाख बच्चों की अपार आईडी नहीं बन पाई है। वहीं, आधार सेवा केंद्र पर टोकन व्यवस्था लागू कर दिया गया है। आधार में संशोधन व नया आधार बनवाने के लिए पहले लोकवाणी केंद्रों का चक्कर लगाना पड़ रहा है। मंगलवार को अंबेडकर चौराहे के पास स्थित आधार सेवा केंद्र से दूर-दराज आए लोगों को वापस लौटना पड़ रहा है। यहां गोंडा के अलावा बलरामपुर, बहराइच और श्रावस्ती समेत जिलों से लोगों को लंबी दूरी तय कर पहुंचने के बावजूद भी टोकन न मिलने से मायूस होना पड़ रहा है।
शिक्षक ही हो रहे परेशान, नहीं हो रहा कोई इंतजाम
प्राथमिक विद्यालय नगदही प्रधानाचार्य पाटनदीन आर्य ने बताया कि उनके विद्यालय में कुल 44 बच्चे पंजीकृत हैं। इसमें से अब तक 32 बच्चों का अपार आईडी बन पाई है। जबकि पांच बच्चों के पास उनका आधार नहीं है। उन्होंने बताया कि अभिभावकों से संपर्क करने के बावजूद भी रुचि नहीं ले रहे हैं। ऐसे में प्रधानाध्यापक को अपने स्तर से प्रयास कर उनका आधार बनाया जा रहा है। शिक्षकों का कहना है कि आधार के लिए जन्म प्रमाण पत्र अनिवार्य है। ऐसे में बीआरसी से छात्रों को फॉर्म उपलब्ध कराया गया है। इसी तरह से अन्य विद्यालयों में अपार आईडी में आधार में गड़बड़ी होने व आधार न होने से छात्रों की अपार आईडी नहीं बन पा रही है।
आज है अंतिम तिथि
एमआईएस इंचार्ज जगदीश शरण गुप्ता का कहना है कि स्कूल शिक्षा महानिदेशक स्तर से अपार आईडी के लिए सभी विद्यालयों को पांच फरवरी तक वक्त दिया गया है। बावजूद इसके लापरवाही बरती जा रही है। तय समय सीमा में संतोषजनक प्रगति न होने पर संबंधित के खिलाफ उच्चाधिकारियों के स्तर से कार्रवाई की जा सकती है।
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