फिरोजाबाद में सोमवार को वायरल से एक नवजात समेत चार लोगों की मौत हो गई। दोनों लोगों के परिजनों का आरोप है कि रात में मेडिकल कॉलेज लेकर गए थे, लेकिन भर्ती न कर सीधा आगरा के लिए रेफर कर दिया गया। जिले में वायरल-डेंगू से अब मृतकों की संख्या 95 हो गई है। झलकारी नगर गली नंबर चार निवासी डेढ़ माह के चिराग पुत्र धीरज कुमार को कई दिन से बुखार था। धीरज ने बताया कि रविवार रात हालत बिगड़ने पर वे मासूम को सौ शैय्या अस्पताल ले गए। आरोप है कि मासूम को भर्ती नहीं किया गया और आगरा रेफर कर दिया। आगरा ले जाते समय मासूम की मौत हो गई। इस परिवार में तीन लोगों की मौत पिछले तीन माह में हो चुकी है।
फिरोजाबाद में बेकाबू वायरल-डेंगू: डेढ़ माह के मासूम ने तोड़ा दम, चार की मौत से मृतक संख्या 95 पहुंची
शिवधाम कॉलोनी रहना निवासी पूजा शुक्ला (33) पत्नी पंकज शुक्ला को भी रविवार देररात बुखार तेज हो गया। आरोप है कि सरकारी मेडिकल कॉलेज तत्काल ले जाया गया लेकिन महिला को भर्ती न कर सीधे आगरा रेफर कर दिया गया, जहां उसकी मौत हो गई। वहीं मक्खनपुर निवासी आशु (06) पुत्र रोहित कुमार की भी सोमवार मौत हो गई। वहीं नगर निगम प्रवर्तन दल के कर्मचारी पुष्पेंद्र (40) की भी गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में मौत हो गई। पुष्पेंद्र मूलरूप से आगरा के रहने वाले थे। विगत दिनों बुखार आने पर उन्होंने अपनी जांच कराई तो रिपोर्ट में डेंगू की पुष्टि हुई थी। इसके बाद परिजन उन्हें उपचार के लिए गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल ले गए थे।
रामनगर, आजादनगर में डीएम की घर-घर दस्तक
शहर में डेंगू, मलेरिया और वायरल की रोकथाम के लिए डीएम चंद्रविजय सिंह ने सोमवार को रामनगर,आजाद नगर,नगला बिष्णु एवं झलकारी नगर में घर-घर जाकर दस्तक दी। डीएम का काफिला देखकर लोग घरों से बाहर निकल आए। डीएम ने महिलाओं और बच्चों से कहा कि घर के कूलरों को खाली कर दें और पुरानी घास को जला दें। फ्रिज के पीछे भरे पानी को खाली कर दें।
डीपीआरओ नीरज कुमार सिन्हा ने बताया कि डेंगू जैसे संक्रामक रोग के दौरान भी अनुपस्थित रहने वाले फरिहा देहात के सचिव राजकुमार, टूंडला के टीकरी पंचायत के सचिव राजेंद्र खरे, और जसराना ब्लॉक के बहत के सचिव अरुण कुमार को निलंबित कर दिया गया है। जबकि शिकोहाबाद ब्लॉक के नसीरपुर पंचायत में तैनात सुनील कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
फिरोजाबाद में डेंगू-वायरल बुखार: प्लेटलेट्स की भारी कमी, कानपुर-लखनऊ से आपूर्ति, 'खाकी' बनी मददगार, किया रक्तदान