{"_id":"5c605841bdec22093e7c064d","slug":"kumbh-2019-vasant-panchami-antim-shahi-snan-more-than-1-70-crore-devotees-get-holy-dip","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"संगम पर आस्था-विश्वास-भक्ति की लहरें एकाकार, 1.70 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने लगाई पुण्य की डुबकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संगम पर आस्था-विश्वास-भक्ति की लहरें एकाकार, 1.70 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने लगाई पुण्य की डुबकी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: shubham
Updated Sun, 10 Feb 2019 10:48 PM IST
विज्ञापन
1 of 7
Tisra Shahi Snan
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
संगम तट पर रविवार को एक बार फिर आस्था, विश्वास और भक्ति की लहरें एकाकार हुईं। भक्ति के सागर में भावों का जन प्रवाह उठा तो उठता ही गया। कहीं बाजे गाजे के साथ संतों का कारवां चला तो कहीं भक्तों के भाव की धारा फूटती रही। प्रयागराज कुंभ के तीसरे स्नान पर्व वसंत पंचमी पर अरैल से फाफामऊ के बीच 40 घाटों पर पुण्य की डुबकी लगाने के लिए एक समान सैलाब उमड़ा। हेलीकॉप्टर से श्रद्धा के फूल बरसते रहे। कुंभ मेला प्रशासन के अनुसार शाम तक 1.70करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने संगम में पुण्य की डुबकी लगाई।
2 of 7
Tisra Shahi Snan
मध्यरात्रि के बाद ही हर हर महादेव और जयश्रीराम के गगनभेदी जयघोष के साथ वसंत पंचमी का स्नान शुरू हो गया। अखाड़ों के शाही स्नान के चलते पांच पांटून पुलों पर शनिवार की रात 12 बजे से यातायात रोके जाने की वजह से नागवासुकि, बख्शीबांध, शिवकुटी से लगे घाटों पर भीड़ का दबाव बढ़ गया। गंगा पार झूंसी, बदरा सोनौटी और अरैल के घाटों पर भी भारी भीड़ का जमावड़ा होने लगा। सबके मन में संगम तट पर पहुंचने की आतुरता थी। भोर में चाहे दारागंज वाली सड़क हो या फिर सिविल लाइंस-बैरहना मार्ग।
3 of 7
Tisra Shahi Snan
काली सड़क हो या लाल सड़क, सभी रास्तों पर रेला उमडऩे लगा। बेनी बांध के नीचे काली त्रिवणी मार्ग और अक्षयवट मार्ग पर भजनानंदियों की टोलियां डफली लेकर राम नाम के भजन में झूम रही थीं, तो दिल्ली, राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश, बिहार के अलावा अन्य प्रदेशों से आए श्रद्धालुओं के समूह हाथों में लाल, हरी, नीली ध्वजाएं लिए हर हर महादेव का जयकारा लगाते आगे बढ़ रहे थे। आठ से 10 किमी तक की लंबी दूरी तय करने के बाद भी पांव लपकते हुए बढ़ते रहे। कोई दादी को संभाल रहा था तो कोई चाची, मामी को।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 7
Tisra Shahi Snan
बच्चों को कंधे पर या फिर कमर में फेंटा के सहारे बांध कर भी महिलाएं चलती रहीं। अमृतमयी कुंभ में डुबकी लगाकर जीवन को धन्य बनाने और पुण्य कमाने की चाह हर किसी के चेहरे पर कुछ ऐसी ही दिख रही थी। संगम तट पर जन सैलाब के बीच डुबकी लगाने में किसी के कपड़े छूटे, किसी की गठरी खो गई तो किसी का पर्स ढूंढते -ढूंढते नहीं मिला। सैकड़ों की तादाद में लोग बिछड़ते, मिलते रहे।
विज्ञापन
5 of 7
Tisra Shahi Snan
तीसरे और अंतिम शाही स्नान पर नागाओं ने भांजी लाठी-तलवार-त्रिशूल
वसंत पंचमी के स्नान पर्व पर शस्त्र प्रदर्शन पर रोक के बावजूद नागाओं ने रेती पर लाठी, तलवार के खेल जमकर खेले। भस्मी-भभूत पोतकर नागाओं ने शोभायात्राओं के आगे खुलकर शस्त्रप्रदर्शन किया। इस दौरान नागाओं की झलक पाने की होड़ मची रही।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।