अगर आपका फोन अचानक धीमा हो जाता है या बैट्री गर्म हो रही है तो आपको सावधान रहने की जरुरत है। ऐसा क्रिप्टोजैकिंग की वजह से होता है। ऐसा केवल मोबाइल फोन पर नहीं होता। लैपटॉप में भी क्रिप्टोजैकिंग किया जाता है। क्रिप्टोजैकिंग हैकिंग का नया हथियार है।
{"_id":"5b1f9e4d4f1c1bf16e8b7844","slug":"a-new-way-of-hacking-has-surfaced-cryptojacking","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"अगर आपका मोबाइल अचानक धीमा हो जाता है और बैट्री गर्म हो जाती है तो जरूर पढ़िए ये खबर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अगर आपका मोबाइल अचानक धीमा हो जाता है और बैट्री गर्म हो जाती है तो जरूर पढ़िए ये खबर
तनु चतुर्वेदी, कानपुर
Updated Tue, 12 Jun 2018 05:01 PM IST
विज्ञापन
डेमो पिक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डेमो पिक
हैकिंग का नया तरीका सामने आया है यानि क्रिप्टोजैकिंग। हाल ही में लोगों के फोन की बैटरी और प्रोसेसिंग क्षमता को चुराने की नयी तरकीब सामने आयी है। क्रिप्टोजैकिंग को बिटक्वाइन जैसी करेंसी का इस्तेमाल करने के लिए किया जाता है।
आगे की स्लाइड में पढ़ेंः- क्या होती है क्रिप्टोजैकिंग..
आगे की स्लाइड में पढ़ेंः- क्या होती है क्रिप्टोजैकिंग..
डेमो पिक
इस प्रोसेस से दूसरे के सीपीयू की प्रोससिंग पॉवर का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके लिए किसी भी वेबसाइट पर आकर्षक लिंक या कॉनटैस्ट के बारे में होता है, कि आप क्लिक करने को बाध्य हो जाएं। इसके बाद हैकर्स के लिए आपके फोन तक पहुंचना आसान हो जाता है। हैकर्स आपके फोन का इस्तेमाल कर सकते हैं। जिससे फोन की बैट्री जल़्दी खत्म हो जाती है साथ ही इसके द्वारा पैसे कमाने को क्रिप्टोमाइनिंग कहते हैं।
आगे की स्लाइड में पढ़ेंः- आपका फोन हैक हुआ या नहीं.....
आगे की स्लाइड में पढ़ेंः- आपका फोन हैक हुआ या नहीं.....
विज्ञापन
विज्ञापन
डेमो पिक
सबसे पहले असुरक्षित वेबसाइट पर जाना बंद कर दें या आकर्षक वेबसाइट को क्लिक करने से पहले सोच लें। अपने फोन में नो-क्वाइन ऐप डाउनलोड कर आप हैकिंग से हो रहा कमाई को रोक सकते हैं। इसके अलावा टोर ब्राउसर का इस्तेमाल किया जा सकता है। आमतौर पर आपके सीपीयू का इस्तेमाल 10-15 प्रतिशत होता है लेकिन हैकिंग के दौरान सीपीयू का प्रयोग शत-प्रतिशत होता है। जिसे ग्राफ पर जाकर देखा जा सकता है। क्रिप्टोजैकिंग जावा स्क्रिप्ट के जरिए काम करती है।