{"_id":"697baa08b5be6300020ff8f4","slug":"unnao-news-unnao-news-c-221-1-uno1001-144282-2026-01-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Unnao News: युवक ने पहले जहर खाया, फिर फंदे से लटक कर दी जान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Unnao News: युवक ने पहले जहर खाया, फिर फंदे से लटक कर दी जान
विज्ञापन
फोटो-13- ललित कश्यप (फाइल फोटो)।
विज्ञापन
उन्नाव। अकरमपुर मोहल्ले में प्रेमिका के परिजन की कथित प्रताड़ना से आहत फैक्टरी श्रमिक ने पहले जहर खाया और फिर फंदे से लटककर खुदकुशी कर ली। पिता की तहरीर पर पुलिस ने प्रेमिका के माता-पिता सहित पांच के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। पुलिस की मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार किया गया।
सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला अकरमपुर निवासी 23 वर्षीय ललित निजी फैक्टरी में काम करता था। पिता दुर्गाशंकर कश्यप ने बताया कि बेटे की एक गांव की युवती से फोन पर चोरी-छिपे बातचीत होती थी। 28 जनवरी को युवती घर से बिना बताए कहीं चली गई थी। दोपहर करीब दो बजे युवती के माता-पिता व चाचा घर आए और ललित को जबरन साथ ले गए। रास्ते में ललित के साथ मारपीट की। कुछ देर बाद जब युवती घर लौटी तो ललित को मगरवारा चौकी में बैठा दिया।
जानकारी मिलने पर वह पत्नी शिवपती के साथ चौकी पहुंचे। पुलिस से बात कर किसी तरह बेटे को घर ले गए। आरोप है कि घर जाते समय रास्ते में युवती के पिता, मां, चाचा और दो अन्य महिलाओं ने उन्हें रोक लिया और दोबारा मारपीट की। आरोप है कि इन लोगों ने ललित से 12 लाख रुपये की मांग की और धमकी दी कि यदि रकम नहीं दी गई तो वे पूरे परिवार को जेल भिजवा देंगे। आरोप है कि आरोपियों ने ललित को इतना प्रताड़ित किया कि उसने पहले जहर खाया और बाद में फंदे से लटक कर अपनी जान दे दी। ललित और युवती वर्ष 2023 से एक-दूसरे से बात कर रहे थे और इस बात की जानकारी युवती के परिजन को भी थी।
कोतवाल चंद्रकांत मिश्र ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद अंतिम संस्कार करा दिया गया है। मृतक के पिता की तहरीर पर दंपती सहित पांच परिवारीजन के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
-- -
कोतवाली में भी पिता-पुत्र को बिठाया गया, रात में छोड़ा
घटना के बाद कोतवाली पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं। पिता ने आरोप लगाया कि पुलिस आरोपी पक्ष का साथ दे रही थी। बताया कि चौकी में प्रताड़ना के बाद जब पुलिस उन्हें और बेटे को कोतवाली ले गई तो वहां भी रात 9:30 बजे तक बिठाए रखा गया। उनका कहना था कि निर्दोष होते हुए भी पुलिस ने उनकी नहीं सुनी जिसका परिणाम यह हुआ कि उनके बेटे को अपनी जान गंवानी पड़ी। ललित दो बहनों का इकलौता भाई था।
Trending Videos
सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला अकरमपुर निवासी 23 वर्षीय ललित निजी फैक्टरी में काम करता था। पिता दुर्गाशंकर कश्यप ने बताया कि बेटे की एक गांव की युवती से फोन पर चोरी-छिपे बातचीत होती थी। 28 जनवरी को युवती घर से बिना बताए कहीं चली गई थी। दोपहर करीब दो बजे युवती के माता-पिता व चाचा घर आए और ललित को जबरन साथ ले गए। रास्ते में ललित के साथ मारपीट की। कुछ देर बाद जब युवती घर लौटी तो ललित को मगरवारा चौकी में बैठा दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
जानकारी मिलने पर वह पत्नी शिवपती के साथ चौकी पहुंचे। पुलिस से बात कर किसी तरह बेटे को घर ले गए। आरोप है कि घर जाते समय रास्ते में युवती के पिता, मां, चाचा और दो अन्य महिलाओं ने उन्हें रोक लिया और दोबारा मारपीट की। आरोप है कि इन लोगों ने ललित से 12 लाख रुपये की मांग की और धमकी दी कि यदि रकम नहीं दी गई तो वे पूरे परिवार को जेल भिजवा देंगे। आरोप है कि आरोपियों ने ललित को इतना प्रताड़ित किया कि उसने पहले जहर खाया और बाद में फंदे से लटक कर अपनी जान दे दी। ललित और युवती वर्ष 2023 से एक-दूसरे से बात कर रहे थे और इस बात की जानकारी युवती के परिजन को भी थी।
कोतवाल चंद्रकांत मिश्र ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद अंतिम संस्कार करा दिया गया है। मृतक के पिता की तहरीर पर दंपती सहित पांच परिवारीजन के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
कोतवाली में भी पिता-पुत्र को बिठाया गया, रात में छोड़ा
घटना के बाद कोतवाली पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं। पिता ने आरोप लगाया कि पुलिस आरोपी पक्ष का साथ दे रही थी। बताया कि चौकी में प्रताड़ना के बाद जब पुलिस उन्हें और बेटे को कोतवाली ले गई तो वहां भी रात 9:30 बजे तक बिठाए रखा गया। उनका कहना था कि निर्दोष होते हुए भी पुलिस ने उनकी नहीं सुनी जिसका परिणाम यह हुआ कि उनके बेटे को अपनी जान गंवानी पड़ी। ललित दो बहनों का इकलौता भाई था।

फोटो-13- ललित कश्यप (फाइल फोटो)।
