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बकरीद की सच्ची खुशी उस वक्त हासिल हो सकती है, जब हमारा खालिक हमसे राजी हो: मोहम्मद हनीफ
शिवाजी नगर स्थित जामा मस्जिद में कारी मोहम्मद हनीफ फैजी ने बकरीद की नमाज वीरवार को 8:45 पर अदा कराई, ईद का त्यौहार पर्व श्रद्धा एवं उल्लास के साथ मनाया गया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने मस्जिद पहुंचकर बकरीद की नमाज अदा की तथा एक-दूसरे को गले मिलकर ईद की बधाइयां दी। इस मौके पर शाही ईमाम मोहम्मद हनीफ गौरवाल ने कहा कि बकरीद खुशी का पर्व है।
बकरीद की सच्ची खुशी उस वक्त हासिल हो सकती है, जब हमारा खालिक हमसे राजी हो। उसकी रजा हासिल करने का एक तरीका यह भी है कि उसकी मखलूक के साथ रहम का मामला किया जाए।
आओ हम उन लोगों को माफ कर दें, जिनसे हमें कोई तकलीफ पहुंची है और उनसे माफी मांग लें, जिनको हम से किसी किस्म की शिकायत है, ताकि अल्लाहताला हमसे खुश हो जाए और हमारी बेशुमार गलतियों को माफ कर दे। उन्होंने कहा कि बकरीद का त्योहार मुस्लिम समुदाय के प्रमुख त्योहारों में से एक है। सभी ने एक दूसरे को गले लगाकर बधाई दी।
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