{"_id":"69d4d56488bd156ee6017c46","slug":"video-the-first-1800-meter-long-parallel-tunnel-on-the-kiratpur-nerchowk-four-lane-highway-has-opened-at-kaichi-mor-2026-04-07","type":"video","status":"publish","title_hn":"Video: कैंचीमोड़ में 1800 मीटर लंबी पहली समानांतर टनल का ट्रायल रन सफल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Video: कैंचीमोड़ में 1800 मीटर लंबी पहली समानांतर टनल का ट्रायल रन सफल
कीरतपुर-नेरचैक फोरलेन पर यातायात को अधिक सुगम और सुरक्षित बनाने की दिशा में कैंचीमोड़ स्थित टनल-1 में निर्मित 1800 मीटर लंबी पहली समानांतर टनल का सफल ट्रायल रन किया गया। इस ट्रायल रन की सफलता के साथ ही दोनों सुरंगों में डबल लेन के माध्यम से यातायात संचालन की दिशा में प्रक्रिया लगभग पूरी कर ली गई है। इस अवसर पर उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार के साथ पुलिस अधीक्षक संदीप धवल विशेष तौर पर मौजूद रहे। उपायुक्त ने बताया कि समानांतर टनल को चालू करने की दिशा में ट्रायल रन आयोजित किया गया। ट्रायल रन के बाद एनएचएआई की ओर से टनल के भीतर लाइटिंग, वेंटिलेशन तथा अन्य सुरक्षा मानकों का अंतिम परीक्षण किया जाएगा। अंतिम परीक्षण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद इसे औपचारिक रूप से हरी झंडी प्रदान की जाएगी। इसके बाद दोनों टनलों में वन-वे ट्रैफिक व्यवस्था लागू की जाएगी, जिससे यातायात का दबाव संतुलित रहेगा और सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। उपायुक्त ने बताया कि टनल के भीतर ट्रायल रन के बाद अन्य तकनीकी बारीकियों की जांच का कार्य भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद इस समानांतर टनल को शीघ्र ही आम जनता के लिए सुचारू रूप से खोल दिया जाएगा, जिससे फोरलेन पर सफर करने वाले यात्रियों को जाम की समस्या और दुर्घटनाओं की दृष्टि से जोखिम कम होगा। एनएचएआई अधिकारियों ने कहा कि ट्रायल रन के दौरान कंट्रोल रूम, सुरक्षा उपकरण, लाइटिंग और वेंटिलेशन सिस्टम का परीक्षण किया गया। दोनों ट्यूब में वन-वे ट्रैफिक लागू होने से दुर्घटनाओं की संभावना कम होगी और भारी वाहन बिना रुके गुजर सकेंगे। परियोजना निदेशक वरुण चारी ने बताया कि कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन पर कुल पांच समानांतर टनलें बनाई जा रही हैं। टनल-1 कैंचीमोड़ के सफल ट्रायल रन के बाद अन्य चार टनलों की डीपीआर तैयार की जा रही है। टनल-2 थापना 465 मीटर, टनल-3 तुन्नू, 550 मीटर,टनल-4 टीहरा 1265 मीटर, टनल-5 भवाणा 740 मीटर है। उन्होंने कहा कि भविष्य में इन सभी टनलों को भी चरणबद्ध तरीके से ट्विन ट्यूब टनल में विकसित किया जाएगा, ताकि पूरे मार्ग पर यातायात को अधिक सुरक्षित, तेज और सुविधाजनक बनाया जा सके। इस मौके पर अतिरिक्त उपायुक्त ओमकांत ठाकुर, प्रोजेक्ट डायरेक्टर एनएचएआई वरुण चारी भारत कंस्ट्रक्शन कंपनी के प्रतिनिधि राजीव गर्ग, एसडीएम स्वारघाट धर्मपाल, एनएचएआई प्रबंधक दिग्व्रत सिंह, एनएचएआई से इंजीनियर अमित ठाकुर और अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। उन्होंने ट्रायल रन की सफलता की सराहना की और बताया कि इससे फोरलेन पर यातायात का प्रवाह सुचारू और सुरक्षित होगा।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।