टीकमगढ़ जिले के खिरिया गांव के निवासी आदित्य राजा, जो कुछ दिनों पहले एक ट्रक से टकराकर घायल हो गए थे, की झांसी में इलाज के दौरान मौत हो गई। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय लाया गया, जहां पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
मृतक के भाई सौरभ राजा ने बताया कि 9 अगस्त की रात, आदित्य राजा दिगौड़ा से टीकमगढ़ लौटते समय झांसी रोड पर एक ट्रक से टकरा गए थे। उन्हें 108 एंबुलेंस की सहायता से टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय लाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें झांसी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था।
108 एंबुलेंस चालक पर गंभीर आरोप
सौरभ राजा ने आरोप लगाया कि जिला चिकित्सालय से रेफर होने के बावजूद 108 एंबुलेंस का चालक आदित्य को झांसी मेडिकल कॉलेज ले जाने के बजाय एक निजी नर्सिंग होम में ले गया और भर्ती कर दिया। जब परिवार वहां पहुंचा, तब तक आदित्य का इलाज शुरू हो चुका था। सौरभ ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों की लापरवाही के कारण उनके भाई की मौत हुई। इसके बाद परिवार शव को लेकर टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय पहुंचा, जहां पुलिस ने पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया और शव परिजनों को सौंप दिया।
पुलिस पर बाइक वापस न करने का आरोप
सौरभ ने यह भी आरोप लगाया कि दुर्घटना के बाद दिगौड़ा पुलिस उनके भाई की बाइक घटनास्थल से ले गई थी। जब वे बाइक लेने पुलिस थाने पहुंचे, तो पुलिस ने बताया कि बाइक उनके पास नहीं है। सौरभ ने सवाल उठाया कि जब पुलिस ने बाइक घटनास्थल से ली थी, तो वह अब कहां गई? उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस उन्हें गुमराह कर रही है।