महाराष्ट्र सरकार में मंत्री और वरिष्ठ नेता छगन भुजबल ने राज्य के कई हिस्सों में हाल ही में हुई अत्यधिक बारिश (अतिवृष्टि) से फसलों को हुए भारी नुकसान पर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने प्रभावित किसानों को आश्वासन दिया है कि सरकार इस मुश्किल समय में उनके साथ खड़ी है और उन्हें हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी भुजबल ने कहा, "लगातार और भारी बारिश के कारण किसानों की मका, सोयाबीन, प्याज, अंगूर के बाग, मूंगफली, टमाटर और अन्य सब्जियों सहित विभिन्न फसलें बड़े पैमाने पर नष्ट हो गई हैं। इससे किसान संकट में है।"
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री भुजबल ने नासिक जिले के अपने विधानसभा क्षेत्र येवला जैसे प्रभावित इलाकों का दौरा भी किया। वहां उन्होंने सीधे किसानों से संवाद कर उनकी पीड़ा को समझा और खेतों में हुए नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को तत्काल और मुहिम के स्तर पर नुकसान का पंचनामा करने के निर्देश दिए हैं, ताकि कोई भी प्रभावित किसान मुआवजे से वंचित न रहे। किसानों को ढांढस बंधाते हुए उन्होंने कहा, "किसान हमारा अन्नदाता है। इस प्राकृतिक आपदा से निराश न हों, सरकार पीछे नहीं हटेगी और किसानों की हरसंभव मदद करेगी।"
गौरतलब है कि महाराष्ट्र, विशेषकर मराठवाड़ा और उत्तर महाराष्ट्र के कई जिलों में सितंबर माह में हुई मूसलाधार बारिश ने कहर बरपाया है। लाखों हेक्टेयर में खड़ी खरीफ की फसलें पानी में डूब जाने से बर्बाद हो गई हैं। राज्य सरकार भी स्थिति की गंभीरता को स्वीकार कर रही है और मुख्यमंत्री ने प्रभावित किसानों के लिए वित्तीय सहायता की घोषणा की है। विभिन्न नेता और मंत्री नुकसान का आकलन करने के लिए प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर रहे हैं। महाराष्ट्र सरकार के मंत्री छगन भुजबल ने कहा, "अतिवृष्टि से फसल खराब हो गई है। बहुत सारे घर टूट गए हैं। बहुत बड़ा संकट महाराष्ट्र पर आया है। राज्य और केंद्र सरकार किसानों को मदद करने में कोई कमी नहीं छोड़ेगी