खरीफ सीजन की बुवाई शुरू होने से पहले टीकमगढ़ में नकली बीज के कारोबार पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। किसानों को कथित रूप से नकली सोयाबीन बीज बेचने की शिकायतों के बाद कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय के निर्देश पर गठित टीम ने कुंडेश्वर क्षेत्र के मिनोरा स्थित बालाजी बीज उत्पादक समिति के गोदाम पर छापामार कार्रवाई कर बड़ी मात्रा में बीज और पैकिंग सामग्री जब्त की है।
कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने बताया कि प्रशासन को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि कुंडेश्वर क्षेत्र की कुछ बीज समितियां कथित तौर पर नकली बीज की पैकिंग कर बाजार में बेचने की तैयारी कर रही हैं। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें जिला कृषि विभाग के अधिकारियों को भी शामिल किया गया था।
जांच टीम ने मिनोरा स्थित बालाजी बीज उत्पादक समिति के गोदाम पर पहुंचकर निरीक्षण किया। जिला कृषि अधिकारी के अनुसार, मौके पर कथित रूप से सोयाबीन बीज की पैकिंग का कार्य किया जा रहा था। कार्रवाई के दौरान एक निजी कंपनी के नाम की 258 खाली बोरियां बरामद की गईं, जिनका उपयोग बीज पैकिंग में किया जाना था। इसके अलावा, गोदाम से करीब 58 क्विंटल सोयाबीन बीज भी जब्त किया गया है।
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में समिति द्वारा पिछले वर्ष सोयाबीन उत्पादन का रिकॉर्ड प्रस्तुत नहीं किया गया था। ऐसे में बीज की उपलब्धता और उसकी वैधता को लेकर संदेह उत्पन्न हुआ। उन्होंने कहा कि मामले में आवश्यक जांच के बाद संबंधित समिति के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 3/7 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, दूसरी ओर बालाजी बीज उत्पादक समिति, मिनोरा के प्रतिनिधि राजेंद्र दीक्षित ने प्रशासन के आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि गोदाम में रखा सोयाबीन उनके घर का था और किसी प्रकार की नकली बीज पैकिंग नहीं की जा रही थी। उन्होंने स्वीकार किया कि गोदाम में कुछ खाली बोरियां मौजूद थीं, लेकिन उनका उपयोग अवैध कार्य के लिए नहीं किया जा रहा था।
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राजेंद्र दीक्षित ने कहा कि वह इस पूरे मामले में अपना पक्ष रखने के लिए कलेक्टर से मुलाकात करेंगे और अपने दावों के समर्थन में लिखित दस्तावेज भी प्रस्तुत करेंगे। फिलहाल प्रशासन की कार्रवाई के बाद जिले के किसानों में चर्चा का माहौल है। बुवाई के मौसम में नकली बीज की आशंका को देखते हुए कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे केवल अधिकृत विक्रेताओं से ही प्रमाणित बीज खरीदें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल प्रशासन को दें।