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VIDEO: राष्ट्रीय लोक अदालत में 56 हजार 956 मामले निस्तारित
भदोही जिला न्यायालय परिसर सरपतहां में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत लगी। इसमें विभिन्न विभागों से जुड़े 68 हजार 69 मामले आए। इसमें 56 हजार 956 मामलों का निस्तारण हुआ। 764 मामले प्री-लिटिगेशन स्तर पर निस्तारित किया गया। इसमें दो करोड़ 82 लाख समझौता राशि तय की गई। मुख्य अतिथि जिला जज अखिलेश कुमार दूबे, डीएम शैलेष कुमार ने लोक अदालत का दीप जला कर शुभारंभ किया। जिला जज ने कहा लोक अदालत में लोगों को त्वरित न्याय मिलता है। इसमें न किसी की हार होती है और न ही जीत। लोक अदालत मामलों के निस्तारण का सस्ता एवं समुचित साधन है। जिसके माध्यम से वाद का त्वरित गति से निस्तारण होता है। डीएम ने राष्ट्रीय लोक अदालत के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह मंच केवल कानूनी विवादों के समाधान तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक सौहार्द, पारिवारिक एकता और आपसी विश्वास को मजबूत करने का भी सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि परिवार समाज की मूल इकाई है और रिश्तों में संवाद, समझ एवं सहमति बनाए रखना प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी है। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से वर्षों पुराने विवाद सरल, सुलभ और सौहार्दपूर्ण वातावरण में निस्तारित होते हैं, जिससे समय और धन दोनों की बचत होती है। पीठासीन अधिकारी परिवार न्यायालय रत्नेशमणि त्रिपाठी और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव आशीष कुमार सिंह की मध्यस्थता के बाद दो दंपति साथ रहने का निर्णय लिए। दंपतियों ने एक-दूसरे को वरमाला पहनाकर अपने वैवाहिक जीवन की नई शुरुआत का संकल्प लिया। एनआई एक्ट के मामलों कुल पांच लाख तो बिजली बिल में 49.78 लाख समझौता राशि तय की गई। निस्तारित मामलों में जिला जज ने तीन, न्यायिक अधिकारी रत्नेशमणि त्रिपाठी ने 34, वंश बहादुर यादव ने 16, पवन कुमार तिवारी ने दो, अमित वर्मा ने दो, प्रज्ञा सिंह ने 186, निधि यादव ने 494, आनंद मिश्रा ने आठ, हरकिरन मौर ने 96, अनामिका चौहान ने 211, खैरूनिशा ने 895, अमित कुमार ने 51, बलराम पंवार ने 22, अंशुमान ने 14 मामला और शशि किरन ने 1008 मामलों का निस्तारण किया। प्रशासनिक और राजस्व के कुल 52 हजार 888 मामलों को निस्तारण कर 10 लाख अर्थदंड वसूला गया।
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