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1976 से जल रही अखंड ज्योति, नवरात्र में आस्था का केंद्र बना दुर्गा मंदिर; VIDEO
कोपागंज विकासखंड क्षेत्र के गौरीपुर गांव में 1976 में निर्मित मां दुर्गा मंदिर नवरात्र में लोगों के आस्था का केंद्र बना हुआ है। मार्च 1976 में मंदिर के आधारशिला के बाद से लेकर अभी तक बीते 50 वर्षों से इस मंदिर में अखंड ज्योति जल रही है। मान्यता है कि इस मंदिर में कई ऐसे मामलों का निस्तारण किया गया है, जिसकी लोगों की उम्मीद नहीं थी। इस मंदिर की आधारशिला रखने में श्यामा उर्फ फलाहारी महाराज कि अहम भूमिका थी। बीते 20 मार्च 2012 को उनके निधन के बाद मंदिर परिसर में ही उनकी समाधि बनाई गई है। सन 2012 से उनकी समाधि पर भी अखंड ज्योति जल रही है। चैत्र नवरात्रि और शारदीय नवरात्र में इस मंदिर पर पूर्वांचल सहित अन्य राज्यों से भी लोग दर्शन पूजन के लिए आते हैं। मंदिर के पुजारी अखिलेश ब्रह्मचारी और संरक्षक अमरेश यादव ने बताया कि मंदिर के संस्थापक सदस्यों के स्मृति में 1990 से शारदीय नवरात्रि के अवसर पर यह प्रदेश स्तरीय गुरुदेव प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाता है, इसमें उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, सहित कई अन्य राज्य के घुड़सवार आते हैं।
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